Sunday, May 3, 2026
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करीब 3,800 प्रतिभागी लेंगे हिस्सा; छत्तीसगढ़ सहित चार राज्यों के 100 से अधिक खिलाड़ी “खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स 2026” गेम-चेंजर, खेलों में करियर बनाने का बड़ा मंच ओलंपियन – उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव

रायपुर, 24 मार्च 2026/बुधवार 25 मार्च से शुरू हो रहे पहले खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स की मेजबानी के लिए छत्तीसगढ़ पूरी तरह तैयार है और राज्य के उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव का मानना है कि यह “राज्य के खेल पारिस्थितिकी तंत्र को बड़ा बढ़ावा देगा।” खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री साव ने मंगलवार को आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स भारतीय खेल इतिहास में एक “मील का पत्थर” साबित होगा। श्री साव ने बताया कि, “हमने पहले सरगुजा ओलंपिक और बस्तर ओलंपिक जैसे आयोजन छोटे स्तर पर किए हैं। अब खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स की मेजबानी कर हम एक बड़े मंच पर कदम रख रहे हैं, जो हमारी क्षमताओं की परीक्षा भी लेगा और उन्हें नई ऊंचाई देगा।”उन्होंने कहा, “यह छत्तीसगढ़ के लिए निस्संदेह एक ऐतिहासिक और यादगार आयोजन है। यह हमारे खेल प्रतिभा और बुनियादी ढांचे को बड़ी मजबूती देगा। साथ ही, यह राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता के आयोजन का प्रत्यक्ष अनुभव भी प्रदान करेगा।” श्री साव ने बताया कि, “राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा करने वाले खिलाड़ियों के साथ खेलने और उन्हें देखने का अनुभव छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों के लिए बेहद समृद्ध करने वाला होगा। इसमें कोई संदेह नहीं कि यह आयोजन राज्य के खेल तंत्र और खिलाड़ियों दोनों के लिए बड़ी ताकत साबित होगा।” खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स में 30 राज्य और केंद्र शासित प्रदेश हिस्सा लेंगे और कुल नौ खेलों का आयोजन होगा। तीरंदाजी, एथलेटिक्स, फुटबॉल, हॉकी, तैराकी, वेटलिफ्टिंग और कुश्ती में पदक दिए जाएंगे, जबकि मल्लखंब और कबड्डी प्रदर्शन खेल के रूप में शामिल होंगे।

करीब 3,800 प्रतिभागी इन खेलों में हिस्सा लेंगे, जो 3 अप्रैल तक चलेंगे। प्रतियोगिताएं रायपुर, जगदलपुर और सरगुजा में आयोजित की जाएंगी। कुल 106 स्वर्ण पदक दांव पर होंगे। एथलेटिक्स में सर्वाधिक 34 स्वर्ण पदक दिए जाएंगे। तैराकी (24), कुश्ती (18), वेटलिफ्टिंग (16) और तीरंदाजी (10) में भी दो अंकों में स्वर्ण पदक होंगे। हॉकी और फुटबॉल टीम खेल हैं, जिनका आयोजन रायपुर में होगा। एथलेटिक्स जगदलपुर में और कुश्ती सरगुजा में आयोजित की जाएगी। भारत के शीर्ष खिलाड़ी, हॉकी ओलंपियन दिलीप तिर्की, सलीमा टेटे और शीर्ष धावक अनिमेष कुजूर ने कहा, “खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स खेलों में करियर बनाने और आदिवासी समुदाय से निकले दिग्गज खिलाड़ियों से प्रेरणा लेने का एक शानदार मंच है।” हॉकी इंडिया के अध्यक्ष और पूर्व ओलंपियन दिलीप तिर्की ने साई मीडिया से कहा, “मेरे लिए और हम सभी के लिए यह गर्व की बात है कि देश में पहली बार इस तरह की चौंपियनशिप शुरू हो रही है। यह युवाओं और आदिवासी खिलाड़ियों के लिए अपनी प्रतिभा दिखाने और खेलों में आगे बढ़ने, तथा देश के लिए खेलने का एक बेहतरीन अवसर है। हमारे प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी का विज़न है कि भारत एक खेल राष्ट्र बने। वे चाहते हैं कि हर युवा किसी न किसी खेल से जुड़ा रहे।” मेजबान राज्य छत्तीसगढ़, ओडिशा, झारखंड और असम से 100 से अधिक खिलाड़ी हिस्सा लेंगे। पुरुष और महिला खिलाड़ियों का अनुपात लगभग 50-50 रहेगा, जो ओलंपिक चार्टर में लैंगिक समानता के सिद्धांत के अनुरूप है। दिलीप तिर्की ने बताया कि, “केन्द्रीय खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया भी चाहते हैं कि खेलों के माध्यम से हमारे खिलाड़ी, खासकर आदिवासी खिलाड़ी, बेहतर करियर बना सकें, अपने जीवन को सुधार सकें और देश का प्रतिनिधित्व कर सकें। मैं स्वयं एक आदिवासी परिवार से आता हूं और खेलों, विशेषकर हॉकी के माध्यम से आज यहां तक पहुंचा हूं। मुझे विश्वास है कि इस प्रतियोगिता में भाग लेने वाले सभी आदिवासी बच्चों का भविष्य उज्ज्वल है। पहले भी कई आदिवासी खिलाड़ियों ने देश का प्रतिनिधित्व किया है और वे हमारे समाज के प्रेरणास्रोत बने हैं।” राष्ट्रीय 100 मीटर और 200 मीटर रिकॉर्ड धावक और भारत के उभरते एथलेटिक्स स्टार अनिमेष कुजूर ने साई मीडिया से कहा, “भारत में अभी भी कई ऐसे क्षेत्र हैं जहां खेल पूरी तरह नहीं पहुंचे हैं। ऐसे में खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स का आयोजन और भी खास बन जाता है। मैं सरकार के इस प्रयास की सराहना करता हूं, जिसने देशभर के आदिवासी युवाओं को एक मंच पर लाने का काम किया है।” खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स के इस उद्घाटन संस्करण में भाग लेने वाले सभी खिलाड़ियों का चयन राष्ट्रीय खेल महासंघों द्वारा आयोजित ट्रायल्स के माध्यम से किया गया है। खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर भारतीय खेल प्राधिकरण (सांई) द्वारा नियुक्त कोच नजर रखेंगे। श्री तिर्की ने कहा, “हमारे सभी आदिवासी खिलाड़ी और बच्चे खेलों के माध्यम से अपनी प्रतिभा दिखाएं, देश के लिए खेलें और अपना करियर बनाएं। प्रधानमंत्री का 2036 ओलंपिक और विकसित भारत का विज़न है कि हमारा देश एक युवा और खेल राष्ट्र बने। मुझे पूरा विश्वास है कि एक दिन हमारा देश एक सशक्त खेल राष्ट्र के रूप में उभरेगा।”

RCB को लगा झटका, Yash Dayal पूरे सीजन से बाहर

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बेंगलुरु : IPL 2026: इंडियन प्रीमियर लीग के 19वें सीजन की शुरुआत से पहले रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) के खेमे में मायूसी छा गई है। टीम के स्टार तेज गेंदबाज यश दयाल निजी कारणों के चलते आगामी पूरे टूर्नामेंट से बाहर हो गए हैं। RCB के क्रिकेट डायरेक्टर मो बोबाट ने अधिकारिक तौर पर इस खबर की पुष्टि कर दी है।

पर्सनल सिचुएशन बनी वजह (Yash Dayal Out of IPL 2026)

एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान आरसीबी के डायरेक्टर मो बोबाट ने यश दयाल की अनुपस्थिति पर स्पष्टीकरण दिया। उन्होंने कहा, हम पुष्टि करते हैं कि यश इस सीजन टीम का हिस्सा नहीं होंगे। वह एक कठिन व्यक्तिगत स्थितिसे गुजर रहे हैं। फ्रेंचाइजी के तौर पर हम हमेशा उनके साथ खड़े रहे हैं और भविष्य में भी रहेंगे। बोबाट ने आगे जोड़ा कि यश अभी भी टीम के साथ कॉन्ट्रैक्ट में बने रहेंगे, लेकिन सीजन-19 के लिए वह उपलब्ध नहीं हो पाएंगे।

तस्वीरों ने पहले ही दे दिया था संकेत

यश दयाल के बाहर होने की अटकलें तब तेज हो गई थीं जब हाल ही में सोशल मीडिया पर आरसीबी की नई टीम बस की तस्वीरें वायरल हुईं। इस पोस्टर में टीम के लगभग सभी प्रमुख खिलाड़ियों के चेहरे थे, लेकिन यश दयाल वहां से नदारद थे।

RCB की गेंदबाजी पर संकट के बादल (RCB Squad Updates IPL 2026)

यश दयाल का बाहर होना आरसीबी के लिए दोहरा झटका है क्योंकि अनुभवी तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड पहले ही शुरुआती कुछ मैचों के लिए अनुपलब्ध हैं। आपको बता दें यश दयाल ने पिछले सीजन में आरसीबी के लिए शानदार गेंदबाजी करते हुए 13 विकेट चटकाए थे और क्रिटिकल ओवरों में टीम को जीत दिलाई थी। फ्रेंचाइजी ने अभी तक यश दयाल के विकल्प का ऐलान नहीं किया है।

अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि आरसीबी यश दयाल की जगह किस भारतीय तेज गेंदबाज को अपनी टीम में शामिल करती है।



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विवादों के बीच बादशाह ने रचाई दूसरी शादी

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नई दिल्ली/चंडीगढ़। Badshah Wedding : बॉलीवुड और पंजाबी म्यूजिक इंडस्ट्री के रैपर बादशाह यानी आदित्य प्रतीक सिंह सिसोदिया एक बार फिर दूल्हा बन गए हैं। लंबे समय से अपनी पर्सनल लाइफ को सीक्रेट रखने वाले रैपर बादशाह ने अपनी लॉन्ग-टाइम गर्लफ्रेंड और पंजाबी मॉडल-एक्ट्रेस ईशा रिखी के साथ दूसरी शादी रचा ली है।

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न शोर-शराबा, न फिल्मी सितारे

बादशाह की यह शादी इतनी गोपनीय रखी गई कि इंडस्ट्री के बड़े दिग्गजों को भी इसकी भनक नहीं लगी। खबर तब पुख्ता हुई जब ईशा रिखी की मां पूनम रिखी ने इंस्टाग्राम पर शादी की तस्वीरें और वीडियो साझा किए। वायरल तस्वीरों (Badshah and Isha Rikhi Wedding Photos) में बादशाह पारंपरिक साफे और कुर्ते में नजर आ रहे हैं, वहीं ईशा रिखी सुर्ख लाल लहंगे और भारी ज्वेलरी में बेहद खूबसूरत लग रही हैं।

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 वीडियो में दोनों को मंडप पर फेरे लेते और वरमाला पहनकर मुस्कुराते हुए देखा जा सकता है। माना जा रहा है कि यह समारोह चंडीगढ़ के पास एक निजी फार्महाउस में संपन्न हुआ।

पहली पत्नी से 6 साल पहले हुआ था तलाक

यह बादशाह की दूसरी शादी है। उनकी पहली शादी जास्मीन मसीह से हुई थी, जिनसे उनकी एक बेटी (जेसी ग्रेस मसीह सिसोदिया) भी है। लगभग 6 साल पहले दोनों का तलाक हो गया था। ईशा और बादशाह की मुलाकात कुछ साल पहले एक कॉमन फ्रेंड की पार्टी में हुई थी, जिसके बाद से दोनों के अफेयर की चर्चाएं थीं।

कौन हैं ईशा रिखी? ( Who is Isha Rikhi?)

चंडीगढ़ की रहने वाली ईशा रिखी पंजाबी फिल्म इंडस्ट्री का जाना-माना चेहरा हैं। उन्होंने ‘जट्ट बॉयज पुत्त जट्टां दे’ और ‘हैप्पी गो लकी’ जैसी फिल्मों में काम किया है।मॉडलिंग की दुनिया में भी उनका बड़ा नाम है। हालांकि बादशाह या ईशा ने अभी तक अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल से इस खबर की घोषणा नहीं की है।

Box Office War: रिलीज से पहले ही रणवीर की ‘धुरंधर 2’ ने यश की ‘टॉक्सिक’ को पछाड़ा, जानिए कैसे?

 

 

Dhurandhar 2 की रिलीज के बाद से पूरे पाकिस्तान में

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डेस्क। Dhurandhar 2 : आदित्य धर के डायरेक्शन में बनी फिल्म Dhurandhar: The Revenge जब से रिलीज हुई है इंटरनेट पर बज बना हुआ है। फिल्म के पहले पार्ट ने तो जो धूम मचाई थी उसका क्रेज तो अभी तक लोगों से सिर से उतरा नहीं था कि अब पार्ट 2 भी रिलीज कर दिया गया है। फिल्म के पार्ट 2 ने धूम मचा दी है। फिल्म में ऐसे-ऐसे रहस्यों का खुलासा किया गया है जिसने लोगों के रोंगटे खड़े कर दिए थे। जहां भारत में फिल्म को देखने के बाद लोगों में खुशी और जोश की उमंग दौड़ पड़ी है वहीं इसका उलट पाकिस्तान में हो रहा है। बता दें कि धुरंधर 2 के रिलीज के बाद पाकिस्तान में डर का माहौल पनप उठा है।

पाकिस्तान के लयारी में हो रही जबरदस्त चेकिंग

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जी हां, हाल ही में इंटरनेट पर कुछ तस्वीरें और वीडियो बड़े ही तेजी से वायरल हो रहे हैं जिसमें देखा जा सकता है कि पाकिस्तान में दहशत फैली हुई है। खासतौर पर लयारी की गलियों में तो पुलिस तैनात हो चुकी है और हर एक की आईडी चेक कर रही है। चाहें वह घर का मालिक हो या राहगीर, कोई रेहड़ी पटरियों पर सोने वाला हो या कोई खैरात मांगने वाला पुलिस हर एक की आईडी चेक कर रही है।

धुरंधर 2 देखने के बाद उड़ गईं पाकिस्तानियों की नींदें

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पाकिस्तान की पुलिस का ऐसा मानना है कि इनमें से भी कोई भारतीय जासूस हो सकता है। धुरंधर 2 जब से रिलीज हुई है पाकिस्तानियों की नींदें उड़ी हुई हैं। फिल्म में देश के बारे में ऐसे-ऐसे राज देख पाकिस्तानी हक्के बक्के रह रहे हैं। यहां तक की फिल्म में किरदार निभाने वाले जमील जमाली को पार्ट 2 में हिंदुस्तानी स्पाई दिखाया गया था जिसके बाद से तो जमील जमाली को भी शक की निगाहों से देखा जा रहा है।

 

 

 

 

 

 

आरुणी दानी बने भाजयुमो जिला महामंत्री –

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दुर्ग : न्यूज़ 36 : भारतीय जनता पार्टी युवा मोर्चा में धमधा निवासी आरुणी दानी को दुर्ग जिला भाजयुमो का जिला महामंत्री नियुक्त किया गया है। पूर्व युवा पार्षद एवं प्रदेश कार्यसमिति सदस्य रहे दानी संगठन में लंबे समय से सक्रिय हैं। और राजनांदगांव प्रभारी के रूप में भी अपनी कार्यकुशलता साबित कर चुके
हैं। उनकी सक्रियता को देखते हुए भाजपा जिलाध्यक्ष सुरेंद्र कौशिक व भाजयुमो जिलाध्यक्ष हिमांशु सिंह ने यह जिम्मेदारी सौंपी है। नियुक्ति की घोषणा के बाद क्षेत्र में खुशी का माहौल है। दानी ने कहा कि यह कार्यकर्ताओं के विश्वास की जीत है और वे युवाओं को संगठन से जोड़ने का प्रयास करेंगे।

SPORTS NEWS : J30 रायपुर

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रायपुर। SPORTS NEWS : प्रतिष्ठित J30 रायपुर – आईटीएफ वर्ल्ड टेनिस टूर्नामेंट जूनियर्स (विश्व रैंकिंग टूर्नामेंट) का आज रायपुर इंटरनेशनल स्टेडियम, जोरा में शुभारंभ में छत्तीसगढ़ स्टेट टेनिस एसोसिएशन के महासचिव गुरुचरण सिंह होरा द्वारा किया गया। यह टूर्नामेंट ऑल इंडिया टेनिस एसोसिएशन (AITA) के तत्वावधान में, इंटरनेशनल टेनिस फेडरेशन (ITF) की मान्यता प्राप्त है तथा छत्तीसगढ़ स्टेट टेनिस एसोसिएशन (CSTA) द्वारा आयोजित किया जा रहा है। इस प्रतियोगिता का संचालन टूर्नामेंट डायरेक्टर गुरूचरण सिंह होरा, महासचिव, छत्तीसगढ़ स्टेट टेनिस एसोसिएशन के नेतृत्व में किया जा रहा है।

डायरेक्टर गुरूचरण सिंह होरा ने कहा कि मैं यहां मौजूद सभी खेल संघ के पदाधिकारियों और जितने भी बाहर देशों से खिलाड़ी इस टूर्नामेंट में शामिल होने आए है मैं सभी का छत्तीसगढ़ राज्य में स्वागत और अभिनंदन करता हूँ। छत्तीसगढ़ ओलिंपिक संघ के अध्यक्ष व प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और खेल मंत्री अरुण साव का सहयोग निरंतर मिलता आ रहा है। छत्तीसगढ़ में टेनिस के कई भव्य आयोजन भी कराए जा रहे है, इसका श्रेय निश्चित रूप से टेनिस संघ के अध्यक्ष डॉ हिमांशु द्विवेदी और उपाध्यक्ष नरेश चंद्र गुप्ता को जाता है, जब से ये दो स्तंभ हमारे एसोसिएशन में आए है इनके प्रयासों से हमे बहुत सारी सुविधाएं मिल जाती है। हम इनका अभिनंदन करते है। हमने यहां पर आए सभी खिलाड़ियों और उनके परिजनों के लिए रुकने की पूरी व्यवस्था की है।

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शुभारंभ समारोह में छत्तीसगढ़ स्टेट टेनिस एसोसिएशनके के सीनियर उपाध्यक्ष एडवोकेट नरेश गुप्ता, उपाध्यक्ष सुशील बालानी, डॉ अतुल शुक्ला अध्यक्ष रायपुर जिला ओलम्पिक एसोसिएशन, उपाध्यक्ष रूपेंद्र सिंह चौहान एवं आईटीफ सुपरवाइजर प्रबिन नायक व्हाइट बेज रेफ्री मौजूद रहे।

सोमवार से प्रतियोगिता के में ड्रा के मेचेस खेले जायेगे

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रायपुर में आयोजित वर्ल्ड टेनिस टूर J30 प्रतियोगिता में आज बालक वर्ग के क्वालिफाइंग फाइनल मुकाबले बेहद रोमांचक रहे। खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अपने-अपने मैच जीते।

अशोक गायकवाड़ ने श्रेयनाथ महांतेशा को 6-4, 6-3 से हराया।
पुनीत मनोहर ने ऋषिकेश माने को 6-0, 6-1 से एकतरफा मुकाबले में जीत दर्ज की।
हीत कंडोरिया ने आरव भारत को 6-4, 6-3 से पराजित किया।
आरव ढेकियल ने आरव गलवा को 6-2, 6-2 से मात दी।
इस प्रतियोगिता में भारत देश के साथ ही इंडोनेशिया, ऑस्ट्रेलिया, अमेरिका के खिलाफ़ी भी भाग ले रहे है
मेंन ड्रा में बालक वर्ग में शीर्ष वरीयता ओम पटेल को दी गई है, जबकि द्वितीय वरीयता विवान बडासरिया को मिली है।
वहीं, बालिका वर्ग में एंजल पटेल शीर्ष वरीयता प्राप्त खिलाड़ी हैं और दिशा कुमार को द्वितीय वरीयता दी गई है।

बता दें कि इस टूर्नामेंट में कुल 128 खिलाड़ी भाग ले रहे हैं, जो भारत, ऑस्ट्रेलिया, अमेरिका, इंडोनेशिया और नॉर्वे सहित विभिन्न देशों का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं, जिससे इस प्रतियोगिता की अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठा स्पष्ट होती है।

मुख्यमंत्री ट्रॉफी 45वीं राष्ट्रीय ओपन और

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रायपुर। SPORTS NEWS : मुख्यमंत्री ट्रॉफी 45वीं राष्ट्रीय ओपन व 23वीं राष्ट्रीय महिला टीम शतरंज चैंपियनशिप-2026 का आज समापन समारोह आयोजित किया गया है।छत्तीसगढ़ प्रदेश शतरंज संघ के तत्वावधान में तथा ऑल इंडिया चेस फेडरेशन के निर्देशन में अग्रसेन धाम में 16 से 22 मार्च तक आयोजित इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता का समापन आज दोपहर 3 बजे पुरस्कार वितरण समारोह के साथ हुआ। चैंपियनशिप के अंतिम दौर से पहले दिलचस्प मुकाबला देखने को मिले और रोमांचक मुकाबलों के बाद विजेता खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया।

समापन समारोह में छत्तीसगढ़ शासन के केबिनेट मंत्री एवं कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा और रोजगार तथा अनुसूचित जाति विकास मंत्रालय के प्रभारी गुरु खुशवंत साहेब मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। कार्यक्रम की अध्यक्षता ऑल इंडिया चेस फेडरेशन के उपाध्यक्ष एवं प्रदेश शतरंज संघ के अध्यक्ष राघवेंद्र सिंघानिया ने की। साथ ही छत्तीसगढ़ ओलम्पिक संघ के महासचिव डॉ. विक्रम सिसोदिया, साउथ एशियन चेस काउंसिल के अध्यक्ष एवं ऑल इंडिया चेस फेडरेशन के कोषाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार विशिष्ट अतिथि और महासचिव विनोद राठी उपस्थित रहे।

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इस अवसर पर मुख्य अतिथि मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि, “इस तरह की राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं से युवाओं में खेल के प्रति उत्साह बढ़ता है और शतरंज जैसे बौद्धिक खेलों को बढ़ावा मिलता है। राज्य के खिलाड़ियों के लिए यह मंच अपने कौशल को दिखाने और राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाने का महत्वपूर्ण अवसर है। वे इस आयोजन में भाग लेने वाले सभी विजेताओं को शुभकामनाएं देते है।

इस दौरान छत्तीसगढ़ ओलंपिक संघ के महासचिव डॉक्टर विक्रम सिसोदिया ने इस वृहद आयोजन के लिए प्रदेश सतरंग संघ की सराहना करते हुए सभी विजेता खिलाड़ियों को शुभकामनाएं दी और सभी उपविजेता खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाते हुए उन्हें और मेहनत करने की बात कही।

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बस्तर हेरिटेज मैराथन 2026; 9,800 से अधिक धावकों के साथ रचा

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रायपुर, 22 मार्च 2026 : बस्तर हेरिटेज मैराथन 2026: बस्तर की ऐतिहासिक और नैसर्गिक धरा उस समय गौरवशाली क्षण की साक्षी बनी, जब ‘बस्तर हेरिटेज मैराथन 2026’ में उत्साह का अभूतपूर्व जन सैलाब उमड़ा और 9,800 से अधिक पंजीकृत धावकों ने भाग लेकर नया कीर्तिमान स्थापित किया। यह आयोजन केवल एक खेल प्रतियोगिता नहीं, बल्कि बस्तर के बदलते स्वरूप, बढ़ती शांति और शासन की ‘पूना मारगेम’ जैसी पुनर्वास नीतियों की सफलता का जीवंत प्रतीक बनकर उभरा।

बस्तर हेरिटेज मैराथन 2026’ बस्तर के जगदलपुर स्थित लालबाग से प्रारम्भ होकर चित्रकोट जल प्रपात के समीप समापन पश्चात आयोजित समारोह के अवसर पर वन मंत्री केदार कश्यप ने मैराथन के विजेताओं को बधाई देते हुए कहा कि समृद्ध और विकसित बस्तर बनाने का प्रयास के साथ बस्तर क्षेत्र में बस्तर हैरीटेज मैराथन 2026 का आयोजन एक मील का पत्थर साबित होगा। बस्तर बदल रहा है, बस्तर जो चार दशक से अशांत क्षेत्र रहा अब शांति का गढ़ बन रहा है। यहाँ के युवा खेल गतिविधियों के साथ ही देश के प्रतिष्ठित प्रतियोगी परीक्षाओं में भी सफल हो रहे हैं। शांति के इस माहौल में बस्तर मैराथन में देश-विदेश के कई राज्यों और प्रदेश के अन्य जिलों तथा बस्तर संभाग के खिलाड़ी शामिल हुए।उन्होंने इस सफल आयोजन के लिए जिला प्रशासन को बधाई देते भविष्य में पुनः भव्य आयोजन की आशा व्यक्त की।

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समारोह में विधायक किरण सिंह देव ने कहा कि बस्तर क्षेत्र में अबूझमाड़ हाफ मैराथन आयोजन के बाद बस्तर हैरिटेज मैराथन का आयोजन शांति, विकास और समृद्धि का नया अध्याय है। अब बस्तर में विभिन्न क्षेत्रों में विकास को गति दी जाएगी इसी का एक प्रयास मैराथन का आयोजन है। इस अवसर पर सांसद बस्तर श्री महेश कश्यप और विधायक विनायक गोयल ने भी कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मैराथन के विजेताओं को बधाई दी।

‘बस्तर हेरिटेज मैराथन 2026’ का मुख्य आकर्षण 42 किलोमीटर की फुल मैराथन रही, जिसकी शुरुआत जगदलपुर के ऐतिहासिक लालबाग मैदान से हुई और समापन ‘भारत का नियाग्रा’ कहे जाने वाले विश्व प्रसिद्ध चित्रकोट जलप्रपात के तट पर हुआ। आयोजन को समावेशी बनाने के उद्देश्य से इसे 42 किमी, 21 किमी, 10 किमी और 5 किमी की श्रेणियों में विभाजित किया गया था। 21 किमी दौड़ पोटानार तक, 10 किमी दौड़ कुम्हरावंड तक, जबकि 5 किमी की दौड़ लालबाग से दलपत सागर रानीघाट तक आयोजित की गई, जिसमें बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।

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खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने के लिए प्रशासन द्वारा 25 लाख रुपये की आकर्षक इनामी राशि घोषित की गई थी। साथ ही स्थानीय धावकों को अन्तर्राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों के साथ प्रतिस्पर्धा का अवसर देने हेतु ‘बस्तर कैटेगरी’ का विशेष प्रावधान रखा गया और बस्तर जिले के निवासियों के लिए पंजीकरण पूर्णतः निःशुल्क रखा गया।

विशेष बात यह रही कि इस मैराथन में मांझी- चालकी समुदाय के लोगों ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया, जिससे आयोजन की सामाजिक समावेशिता और अधिक सुदृढ़ हुई। इस भव्य आयोजन ने न केवल खेल भावना को प्रोत्साहित किया, बल्कि बस्तर की समृद्ध संस्कृति, शांति और विकास की नई तस्वीर को राष्ट्रीय एवं अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया।

इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष वेदवती कश्यप, महापौर संजय पांडेय, ब्रेवरेज कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष श्रीनिवास राव मद्दी, जिला पंचायत उपाध्यक्ष बलदेव मंडावी, सहित अन्य गणमान्य जनप्रतिनिधि, मांझी- चालकी, कमिश्नर डोमन सिंह, आई जी सुंदरराज पी., कलेक्टर आकाश छिकारा, पुलिस अधीक्षक, जिला पंचायत सीईओ सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

खल्लारी रोप-वे हादसे में रायपुर की एक महिला

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महासमुंद। CG BREAKING : जिले के प्रसिद्ध पर्यटन एवं धार्मिक स्थल खल्लारी मंदिर क्षेत्र में आज सुबह लगभग 11 बजे रोप-वे दुर्घटना की घटना सामने आई, जिसमें 17 लोग घायल हो गए। दुर्भाग्यवश एक 28 वर्षीय महिला आयुषी (राजा तालाब, रायपुर) की मृत्यु हो गई।

घटना की जानकारी मिलते ही जिला प्रशासन ने राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया। प्रश्न एवं स्थानीय नागरिकों की सहायता से घायलों को तत्काल सुरक्षित बाहर निकालकर उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बागबाहरा में भर्ती कराया गया। गंभीर रूप से घायल 4 लोगों को बेहतर इलाज हेतु जिला अस्पताल रेफर किया गया।

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मौके पर अनुविभागीय अधिकारी (एसडीएम) नमिता मारकोले, तहसीलदार नितिन ठाकुर सहित पुलिस एवं राजस्व विभाग की टीम तत्काल पहुंची और राहत कार्यों का समन्वय करते हुए घायलों को शीघ्र चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई।

कलेक्टर विनय लंगेह ने घटना को गंभीरता से लेते हुए कहा है कि घायलों का उपचार हमारी प्राथमिकता है ,साथ ही घटना की बारीकी से जांच कराई जाएगी ताकि दुर्घटना के कारणों का पता लगाया जा सके। साथ ही, निर्देश दिया गया है कि वर्तमान में घायलों के उपचार, समुचित देखभाल एवं आवश्यक सहायता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।

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अनुविभागीय अधिकारी नमिता मारकोले के अनुसार घायलों में गोविंद स्वामी, नमिता स्वामी, अंशुका स्वामी (महासमुंद), हेमलाल नागेश्वर, रतन नागेश्वर, हेमिन, हुलसी, पूर्वी, टिया, अमलेश (टिकरापारा, रायपुर), टोमेश्वरी साहू, कुमेश साहू, हर्ष साहू (दलदल सिवनी, रायपुर) ऋषभ धावरे, छ्यांश, मनस्वी (राजा तालाब, रायपुर) है। रायपुर के राजा तालाब निवासी एक महिला आयुषी की मौत हो गई है। जिला प्रशासन द्वारा लगातार स्थिति की निगरानी की जा रही है और सभी घायलों को बेहतर उपचार एवं आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है।

 

CG Breaking : खल्लारी मंदिर में बड़ा हादसा, हवा में अटकी सांसें; रोपवे गिरने से 13 श्रद्धालु घायल, 5 की हालत नाजुक

 

नक्सली हमले में घायल जवानों की सुरक्षा पर

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बिलासपुर। CG NEWS : छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय ने एक ऐतिहासिक और मानवीय फैसला सुनाते हुए स्पष्ट किया है कि नक्सली हमलों में गंभीर रूप से घायल हुए जवानों को उनकी शारीरिक अक्षमता के बावजूद पुनः घोर नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में तैनात करना अनुचित है। यह मामला आरक्षक दिनेश ओगरे से जुड़ा है, जो 2016 में बीजापुर के पामेड़ में तैनाती के दौरान सिर में गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गए थे और बाद में उनके पैर में भी फ्रैक्चर हुआ था। शारीरिक रूप से पूर्णतः स्वस्थ न होने के बावजूद पुलिस मुख्यालय द्वारा उन्हें दोबारा बीजापुर के अति-संवेदनशील ‘अदवाड़ा कैंप’ में पदस्थ कर दिया गया, जिसे अधिवक्ता अभिषेक पाण्डेय के माध्यम से हाईकोर्ट में चुनौती दी गई।

याचिका में तर्क दिया गया कि विभाग का यह कदम डीजीपी द्वारा जारी उन सर्कुलरों का स्पष्ट उल्लंघन है, जिनमें घायल जवानों को उनकी क्षमता के अनुरूप ही ड्यूटी देने और मैदानी जिलों में रखने के निर्देश दिए गए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए न्यायालय ने आरक्षक की सुरक्षा और स्वास्थ्य को सर्वोपरि माना और पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली पर कड़ा रुख अपनाते हुए अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (ADGP) को निर्देशित किया कि वे याचिकाकर्ता की मैदानी जिले में पदस्थापना के आवेदन पर तत्काल और सकारात्मक निर्णय लें।

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